असम ने CID को ट्रांसफर किया राहुल गाँधी का केस, लगाया ये आरोप

0
Rahul Gandhi's case to CID

असम में भारत जोड़ो न्याय यात्रा के दौरान राहुल गांधी और उनके सहयोगियों के खिलाफ मामला दर्ज होने के दो दिन बाद अब ये केस सीआईडी को ट्रांसफर कर दिया गया है। आपको बता दें कि गुवाहाटी में भारत जोड़ो न्याय यात्रा को प्रवेश न करने देने पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने वेरिकेड तोड़ दिए थे, जिसके बाद पुलिस से उनकी झड़प हो गई थी। इस मामले में सीएम हिमंता सरमा ने राज्य पुलिस महानिदेशक जी पी सिंह को अवरोधक तोड़ने के लिए भीड़ को उकसाने को लेकर राहुल गांधी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का निर्देश दिया था। अब इस मामले को दो दिन बाद CID को ट्रांसफर कर दिया गया है।

राहुल गाँधी का केस हुआ CID को ट्रांसफर

असम पुलिस चीफ जीपी सिंह ने एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, ” मामले को “एसआईटी के माध्यम से गहन जांच” के लिए सीआईडी ​​​​को ट्रांसफर कर दिया गया है। राहुल गांधी और अन्य कांग्रेस नेताओं पर IPC की 9 धाराओं के तहत आरोप लगाए गए हैं, जिनमें दंगा, गैरकानूनी सभा और आपराधिक साजिश से संबंधित धाराएं शामिल हैं।

पुलिस और कार्यकर्ताओं में हुई मुठभेड़

राहुल गांधी और उनके कार्यकर्ताओं को रोकने के लिए पुलिस ने शहर के बॉर्डर पर बड़ी फोर्स तैनात कर राखी थी, करीब 5,000 कांग्रेस कार्यकर्ता पुलिस ने भिड़ गए, जिससे बॉर्डर पर अराजक स्थिति पैदा हो गई। मुख्यमंत्री हिमंत सरमा ने आरोप लगाया कि कांग्रेस की “नक्सलवादी नीति” की वजह से बड़े स्तर पर ट्रैफिक जाम हुआ। राहुल गांधी और हिमंता सरमा के बीच तीखी नोकझोंक के बीच मामले को सीआईडी ​​को ट्रांसफर कर दिया गया। पुलिस से झड़प के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा था, ”यह असम की संस्कृति का हिस्सा नहीं है। हम एक शांतिपूर्ण राज्य हैं, इस तरह के नक्सलवादी हथकंडे हमारी संस्कृति के बिल्कुल विपरीत हैं। शर्मा ने कहा, ”आपके गैरजिम्मेदाराना आचरण और दिशा-निर्देशों के उल्लंघन की वजह से अब गुवाहाटी की सड़कों पर भारी जाम लग गया है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here