एनआईडी फाउंडेशन (NID Foundation) ने वाराणसी में गुरु रविदास जयंती के अवसर पर पब्लिक चैरिटेबल ट्रस्ट (Public Charitable Trust) के सहयोग से गुरु रविदास जी की 646वीं जयंती पर रक्तदान शिविर का आयोजन किया।
इस रक्तदान शिविर का आयोजन वाराणसी में गुरु रविदास जी की जन्मस्थली सीर गोवर्धनपुर की प्राचीर पर किया गया था। शिविर का उद्घाटन श्री गुरु रविदास जन्म स्थान पब्लिक चैरिटेबल ट्रस्ट के अध्यक्ष व डेरा सचखंड बल्लां के प्रमुख, संत निरंजन दास जी व एनआईडी फाउंडेशन के संस्थापक तथा चंडीगढ़ विश्वविद्यालय के चांसलर सतनाम सिंह संधू द्वारा किया गया।
रक्तदान शिविर में, बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (Banaras Hindu University) के चिकित्सा विज्ञान संस्थान, सर सुंदरलाल अस्पताल और पंडित दीन दयाल उपाध्याय सरकारी अस्पताल वाराणसी के ब्लड बैंक की टीम में डॉ वीरेंद्र कुमार सिंह और डॉ संदीप कुमार की नेतृत्व में हिस्सा लिया। हर साल दुनिया भर से संगत श्री गुरु रविदास की जयंती मनाने के लिए सीर गोवर्धनपुर आती है।
वही इस शिविर में सभा को संबोधित करते हुए एन.आई.डी फाउंडेशन के संस्थापक सतनाम सिंह संधू ने कहा कि, “गुरु रविदास जी ने समाज के गरीब और वंचित वर्गों के उत्थान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। गुरुजी ने कई सामाजिक बाधाओं के बावजूद, मानव जाति को आध्यात्मिक मार्ग चुनने और एक साधारण जीवन जीने का संदेश दिया और यह मानव जाति के लिए एक मार्गदर्शक सिद्धांत बना। हमारे माननीय प्रधान मंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने गुरु रविदास जी की शिक्षाओं के प्रति श्रद्धा व सम्मान का प्रगट किया है। प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने सीर गोवर्धनपुर के विकास और सौंदर्यीकरण के लिए 50 करोड़ रुपये की घोषणा की है और इसके तहत अब तक कई परियोजनाएं पूरी भी हो चुकी हैं।”
सतनाम सिंह संधू ने आगे कहा कि, एनआईडी फाउंडेशन रक्तदान पर जागरूकता पैदा करने पर काम करेगा ताकि पूरे देश में जरूरतमंदों को रक्त की कमी को दूर किया जा सके। इस अवसर पर बोलते हुए डेरा सचखंड बल्लां के प्रमुख संत निरंजन दास जी ने कहा, आज संत रविदास जी की जयंती के उत्सव पर, भक्ति आंदोलन में उनके महत्वपूर्ण योगदान के लिए उन्हें भक्ति गीतों, कविताओं तथा आध्यात्मिक शिक्षाओं के माध्यम से सच्ची श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं।
जन्म स्थान मंदिर के विस्तारीकरण के लिए, हमारे प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत सरकार ने कई परियोजनाओं की घोषणा की है। संत रविदास जन्मस्थान विकास परियोजना के प्रारंभिक कार्यों में से, मंदिर के पास लंगर हॉल, शौचालय ब्लॉक और पार्क बन कर तैयार हो चुके हैं।
4.5 करोड़ रुपये की लागत से बने इस पार्क में गुरु रविदास जी की 25 फीट ऊँची कांस्य से बनी प्रतिमा, कंसर्टिना वायर्ड बाउंड्री, मार्ग, फव्वारे, शौचालय ब्लॉक, खेल का मैदान, खुला व्यायामशाला, पार्किंग जोन और आकर्षक लैंडस्केपिंग बनाए गए हैं।
सर सुंदरलाल अस्पताल, आई.एम.एस, बी.एच.यू के डॉ संदीप कुमार ने इस मौके पर बात करते हुए कहा, भारत एक ऐसा देश है जहाँ सबसे अधिक सड़क दुर्घटनाएँ होती हैं और हर साल लगभग 30,000 लोग वक्त पर ब्लड ना मिल पाने के कारण मर जाते हैं।
ऐसे में रक्त दान शिविरों का महत्व बढ़ जाता है, जहां युवा आगे आकर जरूरतमंदों की सहायता कर सकते हैं और मुझे यह बताते हुए गर्व महसूस हो रहा है कि एन.आई.डी फाउंडेशन द्वारा लगाए गए। आज के इस रक्तदान शिवर में देश भर से आए लोगों ने बढ़-चढ़ कर अपना योगदान दिया है और 300 युनिट रक्त दान करके इस शिवर को सफल बनाया है।




















