रूस के लड़ाकू विमान द्वारा अमेरिका के सैन्य टोही ड्रोन को टक्कर मारकर गिराने की घटना के बाद से दोनों देशों के मध्य तनाव की स्तिथि पैदा हो गयी है। इस मुद्दे पर रूस की रक्षा मंत्री सर्गेई सोइगु (Sergei Soigu) और अमेरिका के रक्षामंत्री लॉयड ऑस्टिन (Lloyd Austin) के बीच मोबाइल फोन पर बातचीत भी हुई। जहाँ इस बातचीत के दौरान रूस ने अमेरिका पर उसकी जासूसी करने का आरोप लगाया हैं।
बातचीत के बाद अमेरिका के रक्षा मंत्री लॉयड ऑस्टिन (Lloyd Austin) ने भी कह दिया है कि जहां तक अंतरराष्ट्रीय कानून इजाजत देंगे, वहां तक अमेरिका के विमान उड़ान भरेंगे। अमेरिका ने रूस को चेतावनी भी दी है कि वह सावधानी से अपने विमानों का संचालन करे।
हम जानते हैं कि जानबूझकर हमारे ड्रोन को इंटरसेप्ट किया गया: मार्क माइली
अमेरिका के रक्षा मंत्री लॉयड ऑस्टिन ने बयान जारी कर कहा कि, जहां-जहां अंतरराष्ट्रीय कानून उड़ान की इजाजत देते हैं, वहां अमेरिका अपने एयरक्राफ्ट उड़ाता रहेगा। यह रूस के ऊपर है कि वह अपने एयरक्राफ्ट को सुरक्षित और सही तरीके से संचालित करे। ड्रोन गिराने की घटना को अमेरिका ने रूस की लापरवाही और गलत रवैया करार दिया है।
अमेरिका के सेना प्रमुख मार्क माइली (Mark Miley) ने कहा कि, “पेंटागन घटना के वीडियो का विश्लेषण कर रहा है और यह पता लगाने की कोशिश कर रहा है कि असल में हुआ क्या था।” मार्क माइली ने आगे कहा कि, “हम जानते हैं कि जानबूझकर हमारे ड्रोन को इंटरसेप्ट किया गया। हम जानते हैं कि यह जानबूझकर उग्र तरीके से किया गया और यह बेहद गलत और असुरक्षित है।”
रूसी रक्षा मंत्री ने अमेरिका पर लगाए आरोप
वहीं, रूसी रक्षा मंत्री सर्गेई सोइगु ने भी अमेरिकी रक्षा मंत्री लॉयड ऑस्टिन के साथ बातचीत के दौरान कहा कि, अमेरिका द्वारा रूस की जासूसी की जा रही है और अब ऐसी घटनाओं में बढ़ोतरी हुई है। इसी वजह से लड़ाकू विमान से ड्रोन टकराने की घटना हुई। उन्होंने यह भी कहा कि, अमेरिका के रणनीतिक ड्रोन का क्रीमिया के तट पर उड़ान भरना उकसावे की कार्रवाई है। इससे दोनों देशों के बीच काला सागर इलाके में लड़ाई के हालात बन सकते हैं। अगर उकसावे की कार्रवाई जारी रही तो उसका कड़ा जवाब दिया जाएगा।
अमेरिका ने रूस पर जानबूझकर उसके ड्रोन को गिराने का आरोप लगाया है
बता दें कि, हाल ही में काला सागर में क्रीमिया के तट पर रूस के लड़ाकू विमान की टक्कर से अमेरिका का सैन्य टोही ड्रोन क्षतिग्रस्त होकर समुद्र में गिर गया था। अमेरिका ने रूस पर जानबूझकर उसके ड्रोन को गिराने का आरोप लगाया है और नाराजगी जाहिर की है। वहीं रूस ने इसे दुर्घटना बताया है लेकिन ये भी आरोप लगाया है कि अमेरिका उकसावे की कार्रवाई कर रहा है। जिसके बाद से ही दोनों देशो के बीच तनाव की स्थिति पैदा हो गयी है।



